Terapanath Yuvak Parishad, Hyderabad नूतन चिंतन नया विकास, युवकों में जागे विश्वास

Activities » 2016 - 2017 » JAIN JYOTISH KARYASHALA

आचार्यश्री महाश्रमणजी की सुशिष्या साध्वीश्री डॉ.पीयूषप्रभाजी आदि ठाणा-4 के पावन सान्निध्य में तथा तेरापंथ युवक परिषद्,हैदराबाद के तत्वावधान में द्विदिवसीय जैन ज्योतिष कार्यशाला का आयोजन तेरापंथ भवन हिमायतनगर में किया गया। 

इस अवसर पर साध्वीश्री डॉ.पीयूषप्रभाजी ने मंगल उद्धबोधन में कहा भारतवर्ष में अनेक प्रकार की प्राच्य विद्या रही हैं, उनमें एक हैं ज्योतिष विद्या। ज्योतिष विद्या से जीवन की दिशा को बदला जा सकता हैं। जैन आगमो में सूर्य-चंद्र,गृह-नक्षत्रों का विस्तार मिलता हैं।  ज्योतिष विद्या में अनेक रहस्य छिपे हैं जिन्हें जानकर,समझकर व्यक्ति अपने जीवन में सफलता को हासिल कर सकता हैं। 
कार्यक्रम का शुभारंभ भिक्षु प्रज्ञा मण्डली द्वारा संगान किये गए मंगलाचरण से हुआ। तेयुप अध्यक्ष सुनील लुणिया ने सभी का स्वागत करते हुए जैन ज्योतिष कार्यशाला की संपूर्ण रुपरेखा के बारे मेँ जानकारी दी। कार्यशाला के मुख्य प्रशिक्षक डॉ.मनोजजी श्रीमाल में कहा जैन ज्योतिष भारत वर्ष की प्रगैत्हासिक सम्पति हैं। द्विदिवसीय कार्यशाला के विभिन्न प्रशिक्षण सत्रों में उन्होंने जैन ज्योतिष के बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की तथा जिज्ञाशुओं की शंकाओं का समाधान किया।

 कार्यशाला के संयोजक आलोक डागा, राहुल गोलछा, प्रकाश कुण्डलिया,सुमित सिपानी,श्रवण कोठारी तथा जयसिंह दूगड़ ने काफी श्रम किया। मंत्री राकेश कुण्डलिया ने आभार व्यक्त किया। संचालन अलोक डागा ने किया। कार्यशाला में 160 संभागियों ने भाग लिया।